सिंघासन बत्तीसी की पांचवी पुतली लीलावती ने विक्रमादित्य के प्रजापालन व दानवीरता की कथा सुनायी

सिंघासन बत्तीसी की पांचवी पुतली लीलावती

विक्रमादित्य के स्वर्ण सिंहासन को प्राप्त करने के बाद, पांचवें दिन राजा भोज का रास्ता रोकने वाली लीलावती थी, जो …

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जब देवराज इंद्र का मान रखने के लिए विक्रमादित्य, अंतरिक्ष में भगवान् सूर्य के निकट गये, सिंहासन बत्तीसी की चौथी कहानी

जब देवराज इंद्र का मान रखने के लिए विक्रमादित्य, अंतरिक्ष में भगवान् सूर्य के निकट गये, सिंहासन बत्तीसी की चौथी कहानी

चौथे दिन फिर राजा भोज, सम्राट विक्रमादित्य के स्वर्ण सिंहासन पर विराजमान होने के लिए बढे, तो उनका रास्ता सिंहासन …

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सिंघासन बत्तीसी की दूसरी पुतली चित्रलेखा ने राजा भोज को विक्रम और बेताल की कथा सुनायी

सिंघासन बत्तीसी की दूसरी पुतली चित्रलेखा ने राजा भोज

जमीन की खुदाई से निकले विक्रमादित्य के स्वर्ण सिंहासन की दूसरी पुतली ने राजा भोज को विक्रम और बेताल की …

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सिंघासन बत्तीसी की पहली पुतली रत्नमंजरी द्वारा कही गयी, सम्राट विक्रमादित्य के जन्म, शंख से युद्ध तथा स्वर्ण सिंहासन प्राप्त होने की कथा

सिंघासन बत्तीसी की पहली पुतली रत्नमंजरी

अपने राज्य में खुदाई द्वारा प्राप्त हुए उस अद्भुत, दिव्य राज सिंहासन पर आरूढ़ होने के लिए राजा भोज जैसे …

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व्यासजी द्वारा पांडवों को द्रौपदी के पूर्वजन्म के बारे में बताना

व्यासजी द्वारा पांडवों को द्रौपदी के पूर्वजन्म के बारे में बताना

परीक्षित नंदन जन्मेजय को महाभारत की कथा सुनते हुए वैशम्पायन जी कहते हैं-जनमेजय ! द्रौपदी के जन्म की कथा और …

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कर्ण वध के पश्चात्, दुर्योधन का पाण्डव सेना में अपना पराक्रम दिखाना, अपनी भागती हुई सेना को प्रेरित करते हुए एकत्रित करने का असफल प्रयास करना और अंत में घोर विलाप करना

कर्ण वध के पश्चात्, दुर्योधन का पाण्डव सेना में अपना पराक्रम दिखाना

कर्ण वध के पश्चात्, युद्ध स्थल का आँखों देखा हाल बताते हुए संजय धृतराष्ट्र से कहते हैं-महाराज ! उस समय …

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महाभारत युद्ध के अंतिम दिन, भीम से परास्त हो कर दुर्योधन मृत्यु के कगार पर पहुँच गया, उसे अत्यंत दीन अवस्था में देखकर अश्वत्थामा ने पांचालों के वध की शपथ ली और कृपाचार्य ने उसका सेनापति के पद पर अभिषेक किया

महाभारत युद्ध के अंतिम दिन, भीम से परास्त हो कर दुर्योधन मृत्यु के कगार पर पहुँच गया

महाभारत युद्ध के अंतिम दिन जब भीम ने दुर्योधन को गदा युद्ध में परास्त करके उसका मान-मर्दन करते हुए उसे …

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हिडिम्बा कौन थी, उस परम सुन्दरी राक्षसी का विवाह भीमसेन से कैसे हुआ, उन दोनों का पुत्र घटोत्कच क्या परम बलिशाली तथा मायावी था

हिडिम्बा कौन थी, उस परम सुन्दरी राक्षसी का विवाह भीमसेन से कैसे हुआ

हिडिम्बासुर का वध करने के बाद भी, उसकी बहन हिडिम्बा राक्षसी को पीछे आते देखकर भीमसेन ने कहा, “हिडिम्बे ! …

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हिडिम्बासुर कौन था, क्या वो बलवान राक्षस पाण्डवों को खाने आया था, और भीमसेन ने उसका वध किस प्रकार किया

हिडिम्बासुर कौन था, क्या वो बलवान राक्षस पाण्डवों को खाने आया था

अपने वन गमन के दौरान जिस वन में युधिष्ठिर आदि सो रहे थे, उससे थोड़ी ही दूर पर एक शाल-वृक्ष …

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