कर्ण वध के पश्चात्, दुर्योधन का पाण्डव सेना में अपना पराक्रम दिखाना, अपनी भागती हुई सेना को प्रेरित करते हुए एकत्रित करने का असफल प्रयास करना और अंत में घोर विलाप करना
कर्ण वध के पश्चात्, युद्ध स्थल का आँखों देखा हाल बताते हुए संजय धृतराष्ट्र से कहते हैं-महाराज ! उस समय कौरव-सैनिक भीमसेन के भय से व्याकुल होकर भाग रहे थे । उनकी यह अवस्था देख दुर्योधन हाहाकार करके उठा और …